सातों जन्म का बंधन....हमें है निभाना ! तेरे संग फिर से है..........जिंदगी बितानाII सातों जन्म का बंधन....हमें है निभाना ! तेरे संग फिर से है..........जिंदगी बित...
बनाले इसी को ज़िन्दगी, इसी का ही तुझे तलाश है। बनाले इसी को ज़िन्दगी, इसी का ही तुझे तलाश है।
तुम मुझसे अलग कहाँ तुम मुझसे अलग कहाँ
ज़िन्दगी कब कौन-सा मोड़ ले ले, ऐसी है ज़िन्दगी ज़िन्दगी कब क्या बताये, किसीको खबर नही ऐसी है ज़िन्दगी... ज़िन्दगी कब कौन-सा मोड़ ले ले, ऐसी है ज़िन्दगी ज़िन्दगी कब क्या बताये, किसीको खबर नह...
मैं भटकता रहा पागलों की तरहबिन तेरे मैं जियूँ ये तो संभव नहींहँस के मैं मर सकूँ प्राण लो इस तरह मैं भटकता रहा पागलों की तरहबिन तेरे मैं जियूँ ये तो संभव नहींहँस के मैं मर सकूँ ...
क्योंकि हर परिस्थिति में जीना भी तू ही सिखाती है। क्योंकि हर परिस्थिति में जीना भी तू ही सिखाती है।